एक जिला-एक उत्पाद योजना के अन्तर्गत जबलपुरी मटर की ग्लोबल ब्रॉडिंग: कलेक्टर कर्मवीर शर्मा

जबलपुर दर्पण पाटन नगर संवाददाता। जबलपुर जिले की ग्रामीण तहसील का स्वादिष्ट हरा मटर न केवल स्थानीय बल्कि अन्य राज्यों और देश की सीमा के बाहर भी लोगों के भोजन का स्वाद बढ़ा रहा है। इसलिए इसे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की महत्वाकांक्षी पहल एक जिला-एक उत्पाद योजना के तहत कलेक्टर कर्मवीर शर्मा ने चिन्हित कर जिले में मटर उत्पादन के वर्तमान रकवे में वृद्धि,अच्छे किस्म के बीजों की बोनी व मटर के प्रसंस्करण पर विशेष ध्यान दिया हैं। साथ ही इसके विपणन नेटवर्क को व्यापक स्वरूप देकर जबलपुर के मटर की ग्लोबल ब्रांडिंग भी की जायेगी। इससे जिले के मटर उत्पादक किसानों को पहले से कहीं अधिक मुनाफा होगा। अपनी गुणवत्ता और मिठास की वजह से जबलपुर का मटर देश की मंडियों में हाथों-हाथ बिकता है। आलम यह है कि बड़े शहरों के बड़े व्यापारी किसानों से सीधे मटर खरीदकर बाहर इसकी सप्लाई कर रहे हैं। अभी जिले में उत्पादन का 80 फीसदी मटर बाहर जाता है। इस मटर की अधिकाधिक मात्रा को जिले में ही प्रसंस्कृत कर बाहर भेजने की योजना तैयार की गई है। वर्तमान में जबलपुर का मटर देश की नामचीन मंडियों जैसे मुंबई, हैदराबाद,भोपाल,नागपुर और रायपुर के अलावा सात समुंदर पार जापान और सिंगापुर के लोगों के व्यंजनों का जायका बढ़ा रहा है। जिले में अभी निजी क्षेत्र की दो मटर प्रसंस्करण यूनिट कार्यरत है। इनमें से भानु फार्मस शहपुरा से प्रतिवर्ष 5 से 8 हजार मीट्रिक टन मटर प्रोसेसिंग की जाती है, यहीं से प्रोसेस्ड मटर सिंगापुर और जापान भेजा जाता है। दूसरी यूनिट फ्रोजन एग्रो इंडस्ट्री औद्योगिक क्षेत्र उमरिया-डुंगरिया में स्थापित है। कलेक्टर श्री शर्मा ने बताया कि मटर से लोगों को खेत से मंडी तक काम मिलता है, स्थानीय स्तर पर रोजगार मिलने का अवसर बढ़ेगा। मटर की तुड़ाई, ढुलाई और बाहर परिवहन के साथ-साथ सब्जी ठेला और रेहड़ी व्यापारियों को भी काम मिलता है। साथ ही मटर प्रसंस्करण व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने से रोजगार के और अवसर बढ़ेगे। जबलपुर की मटर की ब्रांडिंग और मार्केटिंग के लिए दिसम्बर माह में जबलपुर में मटर फेस्टिवल का आयोजन किया जायेगा। मटर फेस्टिवल का आयोजन स्मार्ट सिटी जबलपुर, जबलपुर टूरिज्म प्रमोशन काउंसिल, होटल एसोसिएशन एवं उद्यानिकी विभाग के सहयोग से 25 से 30 दिसम्बर तक किया जायेगा। इस दौरान सभी होटल, रेस्टारेंट, ढाबे, चौपाटी और खानपान की दुकानों में मटर से बने व्यंजन परोसे जायेंगे। होटलों, रेस्टारेंट और ढाबों और चौपाटी पर एक रूपता लिये मटर फेस्टिवल के बैनर, पोस्टर लगाये जायेंगे। इसमें जबलपुरी मटर का लोगो भी होगा। मटर फेस्टिवल के पहले इसी माह नवम्बर में मटर से बने व्यंजनों की ओपन प्रतियोगिता होगी। इसका आयोजन होटल कल्चुरी में होगा। प्रतियोगिता की तारीख जल्दी ही तय कर दी जायेगी और यह सभी के खुली रहेगी। इसमें महिला-पुरुष सभी भाग ले सकेंगे। प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत भी किया जायेगा। मटर फेस्टिवल के लिए तय तारीख 25 से 30 दिसम्बर तक होटल, रेस्टारेंट के लिए भी मटर के व्यंजनों की प्रतियोगिता होगी। यह प्रतियोगिता भी होटल कल्चुरी में आयोजित की जायेगी। कलेक्टर कर्मवीर शर्मा ने बैठक में मटर फेस्टिवल के पहले जबलपुर की मटर की ब्रांडिंग और मार्केटिंग के लिए नियमित रूप से कोई न कोई गतिविधियां करने के निर्देश अधिकारियों को दिये हैं। उन्होंने कहा कि जबलपुर की मटर की ब्रांडिंग के लिए वैवाहिक एवं सामाजिक समारोहों में भी मटर से बने कम से कम दो व्यंजन परोसने केटरर्स से अनुरोध किया जाना चाहिए। शादी-विवाह के कार्यक्रमों में जबलपुरी मटर का लोगों लगा कार्नर भी बनाया जाना चाहिए। इसके लिए केटरर्स और होटल एसोसिएशन के पदाधिकारियों से बात कर ली जाये। जबलपुर जिले में उत्पादित मटर की ब्रांडिंग और मार्केटिंग के लिए इसका लोगो तैयार किया गया है और ‘‘जबलपुर मटर’’ के नाम से ट्रेडमार्क का रजिस्ट्रेशन कराया गया है। वर्तमान में बड़ी तादाद में जबलपुरी मटर मंडियों में बिकने को पहुंच रहा है।



