ट्रांसफर के बाद कई शालाएं हुई शिक्षक विहीन हुई

जबलपुर दर्पण। मध्यप्रदेश अधिकारी/कर्मचारी संयुक्त महामोर्चा के जिला अध्यक्ष दिलीप सिंह ठाकुर ने एक प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से बताया कि वर्तमान में हुए ट्रांसफर में जिन्हें सर्वाधिक आवश्यकता थी वे जहाँ के तहाँ रह गए जुगाड़मेन्ट वाले मौज कर रहे सही कहा जाये तो दिवाली भी उनकी ही हुई जिन्होंने साम दाम अपनाएं। वर्तमान में हुए ट्रांसफर में जिले की क्या प्रदेश के कई जिलों की अनेक शालाएं एक शिक्षकीय थीं औऱ उन एक शिक्षकों का ट्रांसफर दूसरे स्कूल में कर दिया परिणामस्वरूप वे शालाएं शिक्षक विहीन हो गयी वहाँ अध्यन्नरत नौनिहालों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो गया। उदाहरण के रूप में जबलपुर के पाटन के एक शिक्षकीय प्राइमरी स्कूल बरबटा की शिक्षिका का ट्रांसफर प्राइमरी स्कूल,महंगवा सडक, में हो जाने के कारण शाला शिक्षक विहीन हो गयी है। इस गंभीर विषय पर शीघ्र अतिशीघ्र राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त रमेश चन्द्र शर्मा, अध्यक्ष, राज्य कर्मचारी कल्याण समिति से चर्चा उपरांत मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री को अवगत करवाने का आश्वासन दिया है।मध्यप्रदेश अधिकारी /कर्मचारी संयुक्त महामोर्चा प्रदेश का एकमात्र संगठन है जो सरकार के सीधे संपर्क में हैं एवं प्रदेश सरकार महामोर्चे के द्वारा उठायी जा रही मांगों को शीघ्र अतिशीघ्र निराकृत करने की दिशा में प्रयासरत हैं औऱ चुनाव पूर्व महामोर्चे द्वारा ज्ञापित मांगो में से कुछ का निराकरण अवश्य करेगी ऐसी आशा है। महामोर्चे के जिया उर रहीम,स्टेनली नॉरबट,श्याम रजक,हेमंत ठाकरे,अफ़रोज़ खान,राकेश श्रीवास,विनय रामजे,शहीर मुमताज,राजेश सहारिया,चैतन्य कुशरे,गोपी शाह,प्रशांत सोंधिया,मोहन पारधी,आर पी बामने,आर पी खनाल इस गंभीर विषय पर मंथन कर सुधार की मांग की हैं।



