जब शासकीय उचित मूल्य की दुकान पर सतर्कता समिति के मेंबर के नाम एवं मो न बोर्ड पर लिखे होने के सक्त निर्देश है। फिर निर्देशों का उल्लंघन क्यों

जबलपुर दर्पण नगर संवाददाता पाटन। जनपद क्षेत्र पाटन की शासकीय उचित मूल्य की दुकानों का संचालन करने वाले सोसाईटी ऑपरेटर के द्वारा नियमो में ताक पर रखकर अनाज का वितरण किया जा रहा है। ना ही गरीबों को उनके राशन कार्ड के अनुसार पूरा राशन नही दिया जा रहा है। और न ही पर्ची दी जा रही हैं। ग्राहक को पता ही नही होता है उसे कितना राशन दिया गया है पर्ची अनुसार और कई दुकानों में आज सितम्बर माह की आखरी तारीख थी एवं राशन दुकान सोमवार से शनिवार तक खुली रहती हैं। ऐसा दुकानों पर ही लिखा है। लेकिन दुकानों के ताले ही नही खुले,उन गरीब मजदूर को अनाज का एक दाना तक नही मिला, कुछ दुकानों के कर्मचारी ने बताया इस महीने राशन नही आया है। अगले महीने आयगा। दुकानों पर सतर्कता समिति के सदस्यों के नाम एवं मोबाइल नंबर बोर्ड पर अंकित नहीं है। कुछ दुकानों पर नाम दर्ज हैं। लेकिन मोबाइल नंबर दर्ज नहीं है। विश्वसनीय सूत्रों से पता चला है कि प्रत्येक दुकानों से दो हजार से पच्चीस सौ रुपये की सेवा दी जाती हैं। जिसके चलते इन दुकानों का संचालन करने वालों पर कोई कार्यवाही नही होती हैं। जबकि प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान मंच से कहते है यदि मेरे गरीब भाई बहनो,बेटा बेटियों, भांजे भानजिओ का राशन किसी ने खाया तो ये मामा उनको छोड़ेगा नही सीधे जेल में डाल देगा। अब देखना होगा प्रदेश सरकार के निर्देशों की अवहेलना करने वाले अधिकारी एवं राशन वितरण करने वाले कर्मचारी पर कब तक कार्यवाही होतीं हैं।



