हितकारिणी डेंटल काॅलेज में 14 वें दीक्षांत समारोह का आयोजन
आशावादी दृष्टिकोण अपनाते हुए करें मरीजों का इलाज

जबलपुर दर्पण | एक चिकित्सक के लिए मरीजों की सेवा ही फर्ज और धर्म है। इस सेवा में किसी भी प्रकार की कोई कमी नहीं होनी चाहिए। हम डाॅक्टर ही लोगों को छोटी ही नहीं कई गंभीर बीमारियों से भी बचाते हैं, इसलिए डाॅक्टरी पेशे में हमें सदैव नैतिकता और ईमानदारी का परिचय देना चाहिए। उक्त बांतें हितकारिणी दंत चिकित्सा महाविद्यालय के प्रेक्षागृह में आयोजित 14 वें दीक्षांत समारोह के दौरान मुख्य अतिथि संस्थापक कुलपति मप्र आयुर्विज्ञान विश्वविधालय जबलपुर डाॅ डीपी लोकवानी ने कहीं। महाविद्यालय के डायरेक्टर डाॅ राजेश धीरावाणी ने नवागंतुक भावी दंत चिकित्सकों को हिपोक्रेटिक शपथ दिलायी। उन्होंनें कहा कि डाॅक्टरी पेशा धैर्य की भी परीक्षा लेता है। भरोसा, दिलासा और आशावादी दृष्टिकोण अपनाते हुए हमें मरीजों का इलाज और सेवा करना चाहिए।इस अवसर पर महाविद्यालय और विश्वविद्यालय स्तर पर टाॅप करने वाले मेघावी दंत चिकित्सकों का भी सम्मान किया गया। समारोह की अध्यक्षता हितकारिणी सभा के सभापति और शासी निकाय अध्यक्ष राजेश अग्रवाल ने की। विशिष्ट अतिथि हितकारिणी सभा के सचिव बाबू विश्वमोहन थे। दीक्षांत समारोह का संचालन ओरल पैथोलाॅजी विभागाध्यक्ष डाॅ सोनालिका घाटे ने किया। इस अवसर पर डीन डाॅ रोहित मिश्रा, डाॅ इलाश्री चटर्जी, डाॅ निहारिका बैंजामिन, डाॅ अविनाश बोस, डाॅ डेल्फिना माइकल कपूर सहित दंत चिकित्सक उपस्थित रहे।



