सिहोरा जिला की मांग पर पांचवें रविवार भी धरना जारी

जबलपुर दर्पण नगर संवाददाता सिहोरा।जबलपुर जिले के सिहोरा तहसील के टुकड़े कर बहोरीबंद,ढीमरखेड़ा और मझौली को तहसील बनाकर उनके कद में वृद्धि की गई पर खंडित सिहोरा की राजनैतिक अनदेखी ने इक्कीस वर्षो के बाद भी जिला नही बनने दिया।सिहोरा को जिला बनाए जाने की मांग को लेकर प्रत्येक रविवार को दिया जा रहा धरना पांचवें रविवार भी जारी रहा।धरने में अनेक सामाजिक धार्मिक संगठनों के पदाधिकारियों के साथ साथ युवा वर्ग ने भी सहभागिता में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।विदित हो कि सिहोरा को जिला बनाए जाने की मांग को लेकर लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति के बैनर तले पिछली 10 अक्टूबर से प्रत्येक रविवार को शाम 5 बजे से 7 बजे तक धरना प्रदर्शन किया जा रहा है।ज्यों ज्यों दिन गुजर रहे है आंदोलन में आमजन की सहभागिता बढ़ती जा रही है।समिति ने आगामी 9 जनवरी 2022 को जिले के मुद्दे पर विशाल रैली निकालने की भी घोषणा की है। क्या है पूरा मामला – लगातार सिहोरा के लोगों की मांग सिहोरा जिला को लेकर चली आ रही हैं वहीं 21 अक्टूबर 2001 को पहली बार तत्कालीन मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह द्वारा सिहोरा जिला घोषित किया गया था।11 जुलाई 2003 को सिहोरा जिला के राजपत्र का प्रकाशन हुआ।06 जून 2004 को पुनः मुख्यमंत्री उमा भारती ने सिहोरा जिला घोषित किया। लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति के आह्वान पर धरनारत सेवानिवृत्त प्राध्यापक नागेंद्र कुररिया ने कहा कि सिहोरा की राजनैतिक अनदेखी जिला न बन पाने का सबसे बड़ा कारण है।व्यापारी अनिल जैन ने कहा कि सिहोरा को जिला बनाने की सारी परिस्थितियाँ अनुकूल है,सरकार को सिहोरा के साथ न्याय करना होगा।सुशील जैन ने कहा राजपत्र जारी होने के बाद भी सिहोरा के जिला न बनने पर आश्चर्य व्यक्त किया और इसे लोकल राजनीति की विफलता बताया।छात्र पुलकित शुक्ला ने कहा कि भौगोलिक रूप से बहोरीबंद, ढीमरखेड़ा और मझौली क्षेत्र के लिए सिहोरा जिला होना अत्यंत महत्वपूर्ण होगा। जिला बनने तक जारी रहेगा धरना प्रदर्शन – लक्ष्य जिला सिहोरा आंदोलन समिति सिहोरा के विकास दुबे,मानस तिवारी,अमित बक्शी ने दोहराया कि जब तक सिहोरा जिला अस्तित्व में नही आ जाता तब तक प्रत्येक रविवार धरना जारी रहेगा। आज के धरने में अनिल जैन,रामजी शुक्ला,पन्ना लाल झारिया,कृष्ण कुमार कुररिया,नंदकुमार परौहा,रामनरेश यादव,संजय ठाकुर,नत्थू पटेल,रामलाल साहू,कमल किशोर गुप्ता,पवन तिवारी,अजय चौहान,नरेंद्र तिवारी,शिवम कुररिया,विवेक पाठक,छत्रपाल सेन,सुरेंद्र तिवारी,धीरेंद्र पांडे,सुखदेव कौरव,प्रयास मिश्रा,अखिलेश दाहिया,सचिन पांडे सहित अनेक सिहोरा वासी मौजूद रहे।



