ऋणमुक्तेश्वर मंदिर में पाइप के जरिए होगा शिवजी में जलअभिषक

कोरोनावायरस संक्रमण से बचने मुख्य गेट पर लगा है ताला
डिंडोरी। जिला मुख्यालय से 15 किलोमीटर दूर कुकर्रामठ गांव में स्थित ऐतिहासिक ऋणमुक्तेश्वर मंदिर मैं वर्षों बाद अब ऐसा भी समय आया है जब भगवान भोलेनाथ के भक्त शिव जी का जल अभिषेक नहीं कर पा रहे। सावन सोमवार को भी ऋणमुक्तेश्वर मंदिर के मुख्य द्वार को नहीं खोला गया, जिससे जिले भर से पहुंचे सैलानि, भक्त शिवजी का जल अभिषेक नहीं कर पाए जबकि लोगों की मंदिर से गहरी आस्था जुड़ी हुई है।गौरतलब है कि मंदिर का निर्माण 10वीं 11वीं शताब्दी में कलचुरी राजा ने मंदिर का निर्माण करवाया था,जहां हर दिन सैकड़ों सैलानी पहुंचा करते थे, लेकिन कोरोनावायरस के चलते सैलानियों का पहुंचना भी बंद हो गया है। पिछले दिनों सावन सोमवार को भी लोगों को भगवान भोलेनाथ के दर्शन नहीं हो पाए और ना ही भक्त शिव लिंग में जल अभिषेक कर सके।
सावन महीने में कावड़ यात्रा पर रहेगा प्रतिबंध
पुरातत्व विभाग द्वारा सैलानियों के लिए दिशा निर्देश भी जारी किए गए हैं,जारी निर्देशों के अनुसार पूरे सावन माह में कावड़ यात्रा पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगी, साथ मंदिर पहुंचे सैलानियों केवल शिवलिंग को दूर से ही दर्शन कर पाएंगे। निर्देश के अनुसार शिवलिंग में फूल, बेलपत्र, धतूरा, चावल, शहद, शक्कर आदि चढ़ाना पूर्णतया वर्जित किया गया है।नियम को कड़ाई से पालन करवाने के लिए विभाग ने मुख्य गेट पर ताला लगाने के निर्देश दिए हैं, जिससे सैलानी अब केवल मंदिर के बाहर से ही दर्शन कर पाएंगे।
पाइप लाइन के जरिए होगा शिवलिंग में जलअभिषेक
गौरतलब है कि ऐतिहासिक ऋणमुक्तेश्वर मंदिर लोगों के लिए गहरी आस्था का केंद्र बना हुआ है। मान्यता है कि विधि विधान से पूजा पाठ करने से लोगों को ऋणों से मुक्ति मिलती है एवं घरों में सुख समृद्धि का वास होता है।खास तौर पर सावन माह में जिलेभर से सैकड़ों श्रद्धालु हर दिन पूजा पाठ करने पहुंचते थे। पिछले हर सालों में सावन सोमवार के दिन हजारों की संख्या में दूर-दूर से लोग पहुंचकर भक्ति भाव से पूजा पाठ भी किया करते थे, लेकिन इस साल कोरोनावायरस महामारी के चलते मंदिरों में पूजा-पाठ बंद है। ऐतिहासिक ऋणमुक्तेश्वर मंदिर मैं लोगों की गहरी आस्था होने के चलते जलाभिषेक करने के लिए गेट से शिवलिंग तक पाइप लाइन लगाया जाएगा,पाइप लग जाने के बाद गेट से सीधे शिवलिंग में जलाभिषेक किया जा सकेगा,जिससे लोगों की आस्था बनी रहे। पूर्व कैबिनेट मंत्री भी बिना दर्शन के सपरिवार लोटे सावन माह के प्रथम सोमवार को पूर्व कैबिनेट मंत्री ओमकार सिंह मरकाम भी ऐतिहासिक ऋणमुक्तेश्वर मंदिर कुकर्रामठ दर्शन के लिए पहुंचे थे। बताया गया कि सपरिवार दर्शन के लिए पहुंचे पूर्व मंत्री भी बिना दर्शन किए ही लौटना पड़ा,मुख्य गेट पर ताला लगा होने के चलते शिवलिंग में जलाभिषेक नहीं कर सके।पूर्व मंत्री ने भी लोगों की आस्था को देखते हुए शिवलिंग में पाइप लगाकर जल अभिषेक करने की प्रक्रिया पर सहमति जताई है।




