पिछड़ा वर्ग के लिए अलग से आरक्षण की मांग।

पिछड़े वर्ग को 27% आरक्षण दिया जाना चाहिए : टीकाराम कोस्टा
जबलपुर l देश में पिछड़े वर्ग का जनगणना प्रति जनसंख्या प्रतिशत 52 है और इनके लिए 27% आरक्षण की मांग कांग्रेस ने की है। इस आशय का पत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के नाम भेजा गया है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी पिछड़ा वर्ग विभाग के प्रदेश अध्यक्ष राज्यसभा के सांसद राजमणि पटेल ने भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गृह मंत्री अमित शाह को ओबीसी की पृथक जनगणना कराने एवं पिछड़ा वर्ग को 27% आरक्षण का लाभ दिए जाने की मांग को लेकर स्मरण पत्र लिखा है। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी पिछडा वर्ग विभाग के प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोष्टा ने उक्त आशय की जानकारी प्रेस को जारी करते हुए बताया कि कांग्रेस पिछड़ा वर्ग प्रदेश अध्यक्ष राज्यसभा सांसद राजमणि पटेल ने 7 अगस्त को प्रधानमंत्री एवं गृह मंत्री को पत्र भेजकर मांग की है। कि देश में पिछड़ा वर्ग की आबादी 52 फ़ीसदी से अधिक है जिन्हें
सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े होने के कारण संवैधानिक प्रावधानों के तहत जो सुविधा मिलनी चाहिए वह नहीं मिल पा रही है इस संबंध में राज्य सभा में भी मांग की गई थी लेकिन अभी तक कोई नतीजा नहीं निकला है, पटेल ने ओबीसी की पृथक जनगणना की माग पर शासन द्वारा दिए गए आश्वासन के तहत ओबीसी की पृथक जनगणना होनी चाहिए राज्यसभा सांसद राजमणि पटेल ने कहा कि अन्य पिछड़ा वर्ग को 27 फ़ीसदी आरक्षण प्रत्येक राज्य एवं संस्थानों में तय किया जाए उन्होंने कहा कि किसी ना किसी बहाने से अन्य पिछड़ा वर्ग के आरक्षण को टालने और समाप्त करने की प्रक्रिया पर रोक लगाई जानी चाहिए । उन्होंने एवं प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोष्टा ने कहा कि तमिलनाडु में 68% आरक्षण पहले से है तथा 10% सामान्य वर्ग के आरक्षण को जोड़ने से आरक्षण 78% हो जाता है अतः आरक्षण 50% तक देने का बंधन समाप्त करते हुए ओबीसी को कम से कम 27% आरक्षण दिया जाना चाहिए। ,कोष्टाने कहा कि ओबीसी के जो छात्र मेरिट में आते हैं उन्हें आरक्षित पदों में सीमित करने के बजाय उनकी गणना मेरिट कोटे में की जानी चाहिए,। आरक्षण का लाभ लीज ,परमिट ,पेट्रोल, डीजल, मकान, प्लाट, सभी क्षेत्रों में दिया जाना चाहिए पटेल एवं कोष्टा ने कहा कि 52% पिछड़ा वर्ग इस देश की बुनियाद है जिसे कमजोर करना देश को कमजोर करना है।



