कोरोना योद्धा सेवा सम्मान कार्यक्रम में हुआ कोरोना योद्धाओं का सम्मान

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना योद्धाओं से किया सीधा संवाद मास्क ही कोरोना वैक्सीन
नरसिंहपुर।कोरोना योद्धा सेवा सम्मान कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने वेबकास्ट के माध्यम से प्रदेश के विभिन्न जिलों के कोरोना योद्धाओं से सीधा संवाद किया। भोपाल के मिंटो हॉल में आयोजित इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया। इस प्रसारण को कलेक्ट्रेट नरसिंहपुर के एनआईसी हॉल में उपस्थित अधिकारियों और कोरोना योद्धाओं ने देखा और सुना। इस मौके पर कलेक्टर श्री वेद प्रकाश, पुलिस अधीक्षक श्री अजय सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पीसी आनंद, सिविल सर्जन डॉ. अनीता अग्रवाल, जिले के चिकित्सा क्षेत्र के कोरोना योद्धा एमडी मेडिसन डॉ. अमित चौकसे, स्टाफ नर्स कु. वर्षा कनौजिया, लैब टेक्नीशियन श्री खेमचंद्र साहू, एमपीडब्ल्यू श्री नीरज पटैल, एएनएम कु. रंजुला चौरसिया एवं आशा श्रीमती सपना राजपूत मौजूद थी।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री द्वारा कोरोना महामारी की रोकथाम और उपचार में निरंतर कार्य करने वाले चिकित्सा क्षेत्र के डॉक्टरों, अन्य स्वास्थ्य कर्मियों और कर्मचारियों का सम्मान किया गया। लाइव प्रसारण के दौरान मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने संबोधित करते हुए कोरोना योद्धाओं से कहा कि आपने हमें सुरक्षा दी आपका सम्मान और आभार है। उन्होंने प्रदेश के सभी कोरोना योद्धाओं को उनकी सेवाओं के लिए धन्यवाद दिया और कहा कि सेवा ही मानवता का मूल मंत्र है, इसे सभी कोरोना योद्धाओं ने बखूबी निभाया है। सभी कोरोना योद्धाओं को उनकी सेवाओं के लिए डिजिटल प्रशस्ति पत्र भेजा जा रहा है। श्री चौहान ने कहा कि सेवा अनमोल होती है, इसका कोई मूल्य नहीं आंका जा सकता। समाज एवं मानव की रक्षा के लिए सभी को कोरोना से लंबी जंग के लिए इसी तरह तैयार रहना होगा, क्योंकि अभी कोरोना की कोई वैक्सीन नहीं बनी है। हमारे वैज्ञानिक इस कार्य में तेजी से लगे हुए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब तक कोरोना की वैक्सीन नही बन जाती, तब तक सेाशल डिस्टेसिंग एवं मास्क ही वैक्सीन है। इस कारण से सभी नागरिक मास्क का अनिवार्य रूप से उपयोग करें और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें। शासन की गाइड लाइन और दिशा निर्देशों का सख्ती से पालन करें। वैश्विक महामारी कोविड- 19/ कोरोना पर नियंत्रण एवं बचाव के लिए सभी को एकजुट होकर खुद को सुरक्षित रखते हुए दूसरों को भी सुरक्षित करना होगा। इस आपदा काल को सुअवसर में बदलने से आत्मनिर्भर समाज, प्रदेश और देश का निर्माण होगा।



