नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन वालों पर कठोर से कठोर कार्यवाही की जाए : कांग्रेस प्रवक्ता
जबलपुर । मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोष्टा ने कहा कि मध्य प्रदेश में वैश्विक महामारी करोना ने तहलका मचा दिया है ।वहीं दूसरी ओर संकट के माहौल में सत्ता और सरकार के संरक्षण से जुडे उसके पदाधिकारी रेमडेसीविर इंजेक्शन और ऑक्सी फ्लो मीटर, टेबलेट, ऑक्सीजन सिलेंडर का कृतिम अभाव बनाकर जमकर कालाबाजारी कर रहे हैं। जबलपुर में नकली इंजेक्शन का मास्टरमाइंड भाजपा का पदाधिकारी और अस्पताल संचालक निकला, । इसी तरह रतलाम शहर में ऑक्सी फ्लो मीटर मुनाफाखोरी सामने आ रही है ।ऐसी दशा में जब लोगों के जान के लाले पड़े हैं ।इन परिस्थितियों में भी सत्ता और सरकार से जुड़े लोग आपदा में अवसर का लाभ उठा रहे हैं। सरकार आपदा और मुनाफाखोरी पर प्रतिबंध लगा नहीं पा रही है ।जिससे मुनाफाखोरो के हौसले बुलंद हैं ।सवाल यह उठता है कि रेमडेसीविर माफिया इस संकटकाल में कई लोगों की जान ली है कई जरूर जरूरतमंदों को लूटा है और ठगा है। आखिर ऐसे माफियाको किसका संरक्षण मिला है ? ऐसे माफियों पर कड़ी से कड़ी कार्यवाही हो ये मानवता और इंसानियत के दुश्मन हैं।
कोष्टा ने आरोप लगाया है कि शिवराज की भाजपा सरकार नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन माफिया बिना राजनीतिक संरक्षण के प्रदेश में इतने बड़े पैमाने पर नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन का कारोबार संभव नहीं है| अभी तक सिर्फ इंदौर में 700 और जबलपुर में 500 नकली इंजेक्शन बेचे जाने की जानकारी सामने आई है| पूरे प्रदेश में हजारों की तादाद में लोग इन नकली इंजेक्शनों के कारण अकाल मृत्यु के शिकार हो चुके हैं| उन्होंने कहा कि जब सरकार ने यह निश्चित किया है कि रेमडेसिविर इंजेक्शन प्रशासन के माध्यम से अस्पतालों को मिलेंगे तब पिछले दो माह से कैसे नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन का कारोबार चल रहा है| क्या सरकार के पास इसका कोई जवाब है? कि जब जबलपुर केमिस्ट एसोसिएशन द्वारा पिछले महीने ही जिला और औषधि प्रशासन को इसकी शिकायत कर दी गई थी| तब इस शिकायत पर कोई कार्यवाही न करके ठंडे बस्ते में क्यों डाल दिया गया? यदि जबलपुर केमिस्ट एसोसिएशन की शिकायत पर कार्यवाही होती तो प्रदेश भर में नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन से मरने वाले लोगों की जान बचाई जा सकती थी | इस शिकायत पर कोई कार्यवाही न होना यह बताता है कि नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन बेचने वाले माफिया को सरकार की तरफ से खुली छूट मिली हुई है| इन नकली रेमडेसिविर इंजेक्शनों का कहाँ कहाँ उपयोग किया गया और कितने लोग इसके शिकार हुए इसकी गहन जांच कर मानवता और इंसानियत के दुश्मनों पर कठोर कार्यवाही हो।



