मप्र में कोरोना की जाँच के आंकड़े पूरी तरह फर्जीः कांग्रेस प्रवक्ता
जबलपुर दर्पण। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी प्रदेश प्रवक्ता टीकाराम कोस्टा ने कहा कि कोरोना के मामले में मप्र सरकार एवं सरकार के आंकड़े हमेशा से फर्जीवाड़े से ज्यादा कुछ नहीं रहे ।जब कोरोना की दूसरी लहर शिखर (पीक) पर थी, अस्पताल जांच केंद्रों में भारी भीड़ हुजूम था, उस दौरान प्रदेश में जो कोरोना के संदिग्ध मरीज आ रहे थे, जिनके सैंपल लिए जा रहे थे, वह लगभग 35 से 40 हजार होते थे और जब कोरोना की दूसरी लहर लगभग समाप्त हो गई है, तमाम कोविड सेंटर जाँच केंद्र खाली पड़े हुए। मप्र में कोविड संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए जा रहे हैं वह 70-75 हजार है यह पूरी तरह से फर्जीवाड़ा है। सरकार के आंकड़ों को भी अगर देखा जाए तो जहां 12 अप्रैल को केवल 38306 संदिग्धों के सैंपल लिए गए जिसमें से 6490 पॉजिटिव पाए गए 8 मई को 66525 सैंपल लिए गए जिनमें से 11598 पॉजिटिव पाए गए वही अब 17 जून को आते आते 73632 कोरोना संदिग्ध मरीजो के सैंपल लिए जा रहे हैं, 18 जून 71421 सैंपल लेना दिखाया जा रहा है, जिसमे से 110 पॉजिटिव बताये जा रहे है फर्जी तरीके से पॉजिटिविटी दर को बहुत तेजी से गिरता हुआ दिखाया जा रहा है । कोविड के मामले में भाजपा सरकार के तमाम आंकड़े फर्जी है। सही अर्थों में कहा जाए तो कोविड महामारी में पूरी भाजपा सरकार ही फर्जी दिखाई देती है।



