जांच में सामने आई अतिथि शिक्षक की नियुक्ति में मनमानी

एक माह बाद भी दोषी प्रभारी प्रधानाध्यापक के खिलाफ नहीं हुई कार्यवाही
जिले में अतिथि शिक्षकों की मनमानी को लेकर शिकायतों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। सबसे ज्यादा शिकायतें संकुल केंद्र शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खड्डी क्षेत्र की सामने आ रही हैं। शासकीय माध्यमिक शाला कंचनपुर इटहा में अतिथि शिक्षक की नियुक्ति को लेकर हुई शिकायत की जांच संकुल प्राचार्य शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खड्डी एवं प्राचार्य उच्चतर माध्यमिक संस्कृत विद्यालय सतोहरी द्वारा 4 फरवरी 2025 को विद्यालय में आकर की गई। प्रधानाध्यापक, शिक्षकों एवं शिकायतकर्ता अजय शुक्ल के समक्ष जांच पूरी की गई। शिकायतकर्ता अजय शुक्ल द्वारा यह शिकायत की गई थी कि जीएफएमएस पोर्टल से 7 अगस्त 2024 को रिफरेंस कोड प्राप्त करने हेतु प्रधानाध्यापक को रिकार्ड प्राप्त हुआ था। जिसको प्रधानाध्यापक द्वारा मनमानी तौर पर रिजेक्ट कर दिया गया। जबकि अजय शुक्ल पूर्व में भी अतिथि शिक्षक उक्त विद्यालय में थे। प्रधानाध्यापक का कहना था कि अजय शुक्ल द्वारा उनके विद्यालय में अतिथि शिक्षक का काम नहीं किया गया था। जबकि मौके पर जांच के दौरान जब अभिलेख कार्यवाही पंजी एवं शिकायतकर्ता की नियुक्ति तथा हस्ताक्षर पंजी की जांच की गई तो मालूम पड़ा कि अजय शुक्ल के 3 अक्टूबर 2023 से 30 अप्रैल 2024 तक संबंधित रजिस्टरों में हस्ताक्षर हैं। फिर भी प्रभारी प्रधानाध्यापक रामश्वरूप सिंह द्वारा शासकीय नियमों एवं अभिलेखों को नजर अंदाज कर मनमानी ढंग से अतिथि शिक्षक के पद पर श्रीमती रीनू सिंह का अभिलेख 28 अगस्त 2024 को प्राप्त कर लिया। स्कोर कार्ड के अनुसार अजय शुक्ल का 183 अंक तथा रेनू सिंह का 162 अंक है। स्कोर के आधार पर भी अजय शुक्ल पात्र हैं। जांच के दौरान यह सामने आया कि वर्ष 2024 में कक्षा 1 से 5 तक कुल 58 छात्र संख्या है तथा दो नियमित प्राथमिक शिक्षक कार्यरत हैं। शासन के निर्देशानुसार 60 छात्र तक दो शिक्षक ही मान्य हैं। ऐसे में अतिथि शिक्षक वर्ग 3 की आवश्यकता ही विद्यालय में नहीं है।



