मध्य प्रदेशसिवनी दर्पण

विधान सभा के पटल पर रखा जाएगा गेंहू उपार्जन की लापरवाही का मामला

सरकारी हंटर का डर सता रहा प्रशाशन को। देखते है क्या जुगत लगाते है अधिकारी?

सिवनी।हेडलाइन को देख कर ज्यादा उत्साहित होने का जोखिम ना लीजिये .विधान सभा मे यह प्रश्न जिले के किसी माननीय ने नही अपितु सतना जिले के विधायक सिद्धार्थ सुखलाल कुशवाहा ने उठाया है ।विधानसभा के प्रश्न क्रमांक 862 में पूछा गया है कि कितना उपार्जन हुआ ।कितना परिवहन हुआ। कितना अनाज खराब हुआ और कौन है इस अनाज की बर्बादी का जिम्मेदार?सिवनी में उपार्जन कार्य से सम्बंधित संस्थानों जिला आपूर्ति अधिकारी ,जिला विपरण अधिकारी व महाप्रबंधक जिला सहकारी केंद्रीय बैंक कार्यालय की ट्रेवल पर इस गूढ़ प्रश्नावली के जबाब दिए जाने का प्रेम पत्र (कार्यालय उप आयुक्त सहकारिता के पत्र क्रमांक विस्/उप/2020/1430) पहुच चुका है और अगले 2 से 4 दिनों के बीच अधिकारियों को सवालों के जबाब प्रजातांत्रिक मंदिर तक पहुचने की अनिवार्यता भी नियत कर दी गई है । 22 /07/2020 को सदन में जबाब रखा जाना है । अब जिला प्रशासन के सामने समीयत यह है कि 16 हजार मेट्रिक टन अनाज रिजेक्ट होने की जानकारी अगर पटल पर रख दी जाएगी तो शामत आ जायेगी .और सरकार का हंटर भी चल सकता है । अपनी शाख को बचाने की जुगत में जिला प्रशासन अब क्या करामात करेगा कि उसकी शाख पर बट्टा ना लगे .इस कशमकश से निकलने के कोई रास्ता तो निकालना ही होगा . ओर वो रास्ता आखिर क्या होगा यह बतियाने के लिए शायद हमारी अगली रिपोर्ट इस मामले कुछ प्रकाश डाल पाए । हमारा प्रयास होगा कि उपार्जन में अनाज की बर्बादी ओर लापरवाही की जिंदा हकीकत को आपके सामने रखे ।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page