रीठी में चल रहीं फर्जी तरीके से सैकड़ों पत्थर खदानें

बिना परिवहन ट्रेक्टरों से ढुल रहे पत्थर, अधिकारी अंजान बने
कटनीदर्पण।जिले की रीठी तहसील मुख्यालय में पत्थर माफीयों का एकक्षत्र राज चल रहा है। स्थानीय प्रशासन की सांठगांठ के चलते इन पर लगाम लगा पाना मुश्किल ही नहीं अब नामुमकिन हो गया है। बताया गया कि रीठी के परेबागार के पास लगभग सैकड़ों पत्थर खदानें फर्जी तरीके से चल रही हैं, किसी के भी लीज नहीं है बावजूद इसके बेधड़क खदानों से पत्थर निकाले जा रहै हैं। इन पत्थर माफियाओं द्वारा धरती को खोखला किए जाने का क्रम लगातार जारी है। बताया गया कि नगर के कुछ ट्रेक्टर मालिक पत्थर माफियाओं के सहारे ही अपना गुजर बसर कर रहे हैं। बिना परिवहन के पत्थर लोड ट्रेक्टर प्रतिदिन तहसील कार्यालय के सामने से गुजरते है पर इन अवैध कारोबारियों से मिलने वाली मोटी रकम पाकर अधिकारी अपनी आखें बंद कर लेते हैं। बताया गया कि पत्थर खदानें चला रहे ठेकेदार टेक्स के नाम पर शासन को जमकर चूना लगाने मे जुटे हुए हैं। जानकार सूत्रों की मानें तो यह खेल खनिज विभाग सहित स्थानीय पुलिस के संरक्षण से इन दिनों जमकर फल-फूल रहा है। तभी तो लीज न होने के बाद भी ठेकेदारों द्वारा लगातार खदान से पत्थर निकाल कर बेचे जा रहे हैं। स्थानीय लोगों की मानें तो खदान ठेकेदारों द्वारा प्रतिदिन बिना अनुमति के हैवी ब्लास्टिंग की जा रही, जिससे लोगों के घरों मे दरारें पड़ गयी हैं। बताया गया कि ब्लास्टिंग की धमक इतनी तेज होती है कि लोग नींद में उठकर चिल्लाने लगते हैं साथ कुंआ व तालाब का पानी भी मटमेला हो जाता है। लोगों ने जिला कलेक्टर से रीठी में चल रही पत्थर खदानों की जांच कर दोषी माफियाओं पर कड़ी कार्यवाही की मांग की है।



