मध्य प्रदेशसतना दर्पण

मैहर के तिलौरा गांव में जगत जननी मां दुर्गा के दरबार में पूरी होती हैं भक्तों की मनोकामना

सतना। जिले स्थित मैहर तहसील के तिलौरा गांव जो कि जगत जननी मां दुर्गा की प्रतिमा बिगत 33 वर्षों से निरन्तर स्थापना की जाती हैं जिसका बालक दुर्गोतासव सेवा समिति तिलौरा निरन्तर व्यवस्था करता चला अा रहा है जो की तिलौरा गांव के मध्य में माता विराजमान होती हैं जो की भक्तों की आस्था का केंद्र है। तिलौरा के इस पंडाल में हर आने वाले भक्त कि हर मनोकामना मां अवश्य ही पूरा करती हैं। जो भी भक्त सच्चे दिल से माता के दर्शन कर अपनी मुसीबत परेशानी माता के चरणों में अर्पित करता है उन भक्तो की माता हमेशा उन भक्तों पर दया दृष्टि बनाती हैं अगर आपके दिल में खोट है सच्चे दिल से माता के दरबार में हाजरी नहीं लगाई है तो आपको निराशा का सामना करना पड़ेगा आज जहा बहुत दूर तक के लोग आते है जैसे जैसे माता के चमत्कार की जानकारी आगे भक्तो तक पहुंचती जा रही वैसे वैसे माता के भक्त पहुंचते हैं आौर भक्तो की मन्नत पूरी होने पर माता के चरणों में चड़ावा चड़ाते है विशाल भंडारा करवाते हैं आस पास के गांव शहर से श्रद्धालु माता के दर्शनकर मां का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। शारदीय नवरात्र में मां के दरबार को भव्य तरीके से सजाया गया है। 33 वर्षों से निरन्तर जगत जननी मां दुर्गा की प्रतिमा की स्थापना की जा रही हैं जिससे पूजा पाठ जप तप से माता का स्थान जाग्रत हो चुका है लोगो की मनोकामना निरन्तर पूर्ण होने से लोगो की आस्था के लिए प्रसिद्ध है। दर्शन करने वालों की मनोकामना मां जरूर पूरा करती है।

तिलौरा में जगत जननी मां दुर्गा जी की सेवा के लिए बना बालक दुर्गोताष्व सेवा समिति में विशेष रूप से सक्रिय मेम्बर रिपुशुदन पांडेय, विष्णु नाथ पांडेय, संदीप पाण्डेय, बिल्लू गर्ग, राजेश पांडेय, नीलेश पांडेय, दीनानाथ पांडेय, सनद पांडेय, भ्रगुनाथ पांडेय, आदित्य पांडेय, रवेंद्रनाथ पांडेय, मोहन पांडेय, पूर्णानंद पांडेय, संजू नामदेव, पवन पांडेय, संतराम सेन, कामता सेन, अक्के सेन, घिन्नू साहू, आदि मेंबर सभी आए हुए भक्तो को माता रानी के दरबार में व्यवस्था कर भोग प्रसाद आदि उपलब्ध कराते है वा जो भक्त दूर से आए है उनके लिए समुचित व्यवस्था की जाती हैं हमेशा माता के दरबार में श्रद्धालु सत्यनारायण की कथा भी दिन में प्रतिदिन सुनते रहते है साथ ही मुंडन का कार्यक्रम भी चलता रहता है जो श्रद्धालु मा से अपनी गोद मागी माता ने उनकी गोद भरी वो श्रद्धालु अपने बच्चे का मुंडन माता के दरबार में ही कराते है माता से कुछ भक्तो ने नौकरी मांगी उन्हें नौकरी मिली कुछ भक्तो को व्यापार में हो रहे नुकसान की माता से फ़रियाद की माता ने उन्हें भी निराश नहीं किया उनका व्यापार में बरक्कत मिली और भक्तो ने विशाल भंडारे में सहयोग करने लगे कुछ भक्त घर के आपसी कलह से निजात पाने की माता से पुकार की माता ने उन्हें भी निराश नहीं किया माता ने उनकी भी मनोकामना पूरी की कुछ भक्तो को मन पसंद वर वा वधु की पाने की माता से विनती की माता ने उन्हें निराश नहीं किया कुछ भक्त केस मुकदमे से तंग थे माता ने उन्हें भी निराश नहीं किया माता ने उन्हें भी केस मुकदमे से मुक्कती दिलाई माता के बहुत चमत्कार दिखे और भक्त ही सब बताते हैं कि माता ने हमारी ये मन्नत पूरी की है और दूसरे वर्ष पुनः भक्त मा के दरबार में अपनी हैसियत के हिसाब से चड़ावा लेकर पधारते है वा अपने सभी सगे संबंधियों को साथ लेकर पहुंचते हैं। एक बार आप अपने ईस्ट मित्रो परिवार के साथ माता के दरबार में सच्चे मन से दर्शन कर माता से अपनी फरियाद जरूर सुनाने की कोशिश करे अगर आपका हृदय साफ होगा तो माता आपको अवश्य ही आपकी झोली खुशियों से भर देगी। माता के दरबार तिलौरा में पहुंचने के लिए मैहर से रीवा रोड पर स्थित तिलौरा गांव महज मैहर से 7 किलोमीटर पर स्थित है तिलौरा पहुंचकर बीच गांव में दीनानाथ पांडेय के घर के सामने मा का दरबार सजा रहता हैं

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page