1996 से पदस्थ सुरक्षा श्रमिक का नाम मंडल कार्यालय के वरियता सूची से गायब

- वरियता सूची में नाम जुड़वाने दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर है पीड़ित।
डिंडोरी दर्पण ब्यूरो। जिले के समनापुर विकासखंड अंतर्गत प्रेमपुर निवासी आवेदक तोप सिंह पिता अघनु सिंह जाति गौड़ 45 वर्ष ने जानकारी देते हुए बताया कि वे लगातार वर्ष 1996 से मंडला के परियोजना परिक्षेत्र हर्रा के अंतर्गत प्रेमपुर बीट में सुरक्षा श्रमिक के पद पर वर्षों से कार्यरत है, लेकिन विगत दिनों सुरक्षा श्रमिक को बिना कारण बताए ही पद से पृथक कर दिया गया है,जिससे अब परेशान ग्रामीण जनपद मुख्यालय सहित जिला मुख्यालय के दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर है, बावजूद अभी तक कोई कार्यवाही नहीं की गई है।
- पूर्व मंत्री मरकाम से लगाई गुहार।
मध्य प्रदेश शासन के पूर्व मंत्री ओमकार सिंह मरकाम से मिलकर पीड़ित तोप सिंह ने अपनी समस्या बता चुका है, पीड़ित ने मांग की है कि मंडल कार्यालय के अभिलेख का निरीक्षण करते हुए वरियता सूची में नाम जोड़ा जाए एवं वरियता के आधार पर ही उन्हें नियमित कार्य पर रखा जाए, जिससे वह अपने परिवार का पालन पोषण कर सके। गौरतलब है कि वर्षों से सुरक्षा श्रमिक मजदूर के पद पर कार्यरत था, जिससे वह अपने परिवार का पालन पोषण करने में सक्षम था, लेकिन बिना बताए ही पीड़ित को वरियता सूची से नाम अलग कर दिया गया है, जिससे पीड़ित युवक की परेशानी और बढ़ गई है। पीड़ित युवक ने शासन प्रशासन से जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की गई है।



