नोटों का चश्मा पहन कर साहब कैसे दिखे “अवैध उत्खनन”

जबलपुर दर्पण नगर संवाददाता पाटन। आराध्या लॉजिस्टिक सॉल्युशन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा बीच में रेत का ठेका छोडकऱ चले जाने से पाटन पुलिस विभाग एवं माइनिंग विभाग के दोनों हाथो में इस समय लड्डू है। इस समय इन विभागों के जवाबदार अधिकारियों को पाटन क्षेत्र में कहीं पर भी अवैध उत्खनन दिखाई नहीं देता ना ही इनको रेत का स्टॉक दिखाई देता है कारण सिर्फ एक ही है खनिज माफियाओं के द्वारा इनकी आंखों पर नोटों का चश्मा पहना दिया गया है। जिसके कारण यह आसपास क्या हो रहा है कुछ भी देखना ही नहीं चाहते हैं। और यदि किसी ने इनको अवैध उत्खनन एवं परिवहन की जानकारी देना चाहे तो इनके द्वारा संबंधित व्यक्ति की सारी डिटेल रेत माफियाओं को उपलब्ध करा दी जाती है। जो कहीं ना कहीं विवाद का कारण बनता है। अभी हाल ही में माइनिंग विभाग के द्वारा छोटी सी कार्यवाही कर खुद ही अपनी पीठ थपथपा ली गई और पाटन में खानापूर्ति करके चले गए उनको कहीं पर भी अवैध परिवहन एवं अवैध उत्खनन होते नहीं दिखाई पड़ा यह समझ से परे है। जब इस संबंध में माइनिंग विभाग के देवेंद्र पटले,खनि निरीक्षक से बात की गई तो उनके द्वारा बताया गया कि पाटन क्षेत्र के आस पास कहीं पर भी अवैध उत्खनन एवं परिवहन नहीं हो रहा है। साहब जब टीम पाटन आती है तो उसके पहले ही आप रेत उत्खनन एवं परिवहन करने वालो को जानकारी उपलब्ध करा देते हैं कि आज हम पाटन क्षेत्र में खनिज जांच हेतु माइनिंग टीम आने वाली हैं। जिसके कारण टीम को कुछ भी नहीं मिलता है और आपके जाते ही खनन का कार्य फिर से प्रारंभ हो जाता है। आज शाम के समय पाटन थाने के सामने से रेत भरकर ट्रैक्टर ट्राली जाते हुई दिखी लेकिन यह ट्रैक्टर ट्राली पुलिस विभाग को नहीं दिखी जिसका कारण सिर्फ एक ही है, समय से पहले थाने में रेत उत्खनन करने वालों के द्वारा हफ्ता पहुंचा दिया जाता है। जिसके कारण यह काम निरंतर जारी है रेत का ठेका निरस्त होने से रेत का उत्खनन करने वालों को और ज्यादा मुनाफा होता है,अब सिर्फ माइनिंग विभाग एवं पुलिस विभाग को ही हप्ता पहुंचाना पड़ता है रेत उत्खनन एवं परिवहन करने वालों की इस समय डबल आमदनी हो रही है क्योंकि ठेका निरस्त होने की वजह से ठेकेदार को रॉयल्टी के पैसे देने की आवश्यकता नहीं है यह सारा पैसा इन लोग को ही बचता है। अब देखना है प्रशासन की नींद कब खुलती है। पाटन क्षेत्र में 24 घंटे लगातार अवैध उत्खनन एवं अवैध परिवहन हो रहा है। प्रशासन अगर पूरी ईमानदारी से एक बार रेत खदानों में दबिश दे तो बहुत सारे वाहन जो अवैध उत्खनन में सग्लन है पकड़े जाएंगे खनिज परिवहन करने वाले वाहनों के पेपरों की जांच की जाए तो 90% गाड़ियों के पेपर इनकंप्लीट मिलेंगे अब देखना है प्रशासन कब तक इन पर कार्रवाई करता है।




